कांकेर :- छत्तीसगढ़ में 15 नवम्बर से धान खरीदी का शुरुआत किया जाना था, पर इसके ठीक पहले लैम्प्स प्रबंधक व ऑपरेटर अपनी विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल पर चले गए। प्रशासन ने तय तिथि पर धान खरीदी शुरू करने 110 कम्प्यूटर ऑपरेटरों का नियुक्ति कर 2 दिनों तक प्रशिक्षण दिया और तीसरे दिन से काम पर लगा दिया।
खरीदी केंद्रों में 10 दिनों तक सेवा देने के बाद अचानक हड़ताल से वापस लौटे लैम्प्स प्रबंधक व ऑपरेटरों ने नव नियुक्त ऑपरेटरों को खदेड़ना शुरू कर दिया। अब नव नियुक्त ऑपरेटर असमंजस की स्थिति में आकर दफ्तरों के चक्कर काट रहे है पर प्रशासनिक अमला द्वारा संतोष जनक जवाब नही दिया जा रहा है, जिससे परेशान ऑपरेटरों ने आज कलेक्टर बंगला का घेराव कर दिया। आनन फानन में एसडीएम, नायब तहसीलदार और पुलिस अमले ने एक सप्ताह का समय मांगकर अन्य जगह नियुक्ति देने की बात कही है।
06 माह की भर्ती के लिए मिला नियुक्ति पत्र-
कम्प्यूटर ऑपरेटरों ने बताया कि उन्हें पहले ऑफर लेटर देकर बुलाया गया फिर अपॉइंटमेंट लेटर देकर 6 माह के लिए नियुक्त किया गया और महज 10 दिन बाद अब कार्य पर ना आने दबाव बनाया जा रहा है, जबकि नियुक्त करने के दौरान स्पष्ट तौर पर कहा गया था कि प्रबंधक और ऑपरेटरों के हड़ताल से लौटने के बाद भी पूरे 6 माह तक कार्य लिया जाएगा।
07 दिनों में नियुक्ति नही तो बंगले के गेट ओर देंगे धरना-
कलेक्टर बंगला के साथ घंटो तक खड़े कम्प्यूटर ऑपरेटरों और युवा कांग्रेस की टीम ने एमडीएम की समझाईस पर अल्टीमेटम देते हुए कहा कि यदि 7 दिनों के भीतर नियुक्ति नही दी गई तो यही कलेक्टर बंगला के सामने आकर गेट पर धरना देंगे और इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से भी किए मुलाकात-
नव नियुक्त कम्प्यूटर ऑपरेटरो ने बस्तर दौरे पर कांकेर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखी। पूर्व मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से चर्चा कर जांच करवाने की बात कही तो कार्यकर्ताओ को उनके समस्या पर ध्यान देने कहा, जिसके कुछ समय बाद कार्यकर्ता और नव नियुक्त ऑपरेटर कलेक्टर बंगला के गेट पर पहुँच सवाल जवाब करने लगे।




